Ajnabi Khawaishein

April 26th, 2017

अजनबी ख्वाहिशें​…​ ​
​​
अजनबी ख्वाहिशें सीने में दबा भी न सकूँ​;​​​
ऐसे जिद्दी हैं परिन्दें कि उड़ा भी न सकूँ​;​

फूँक डालूँगा किसी रोज़ मैं दिल की दुनिया​;​​
​ये तेरा ख़त तो नहीं है कि जला भी न सकूँ​;​​

​मेरी ग़ैरत भी कोई शय है कि महफ़िल में मुझे​;​​
​उसने इस तरह बुलाया कि मैं जा भी न सकूँ​;​​

​इक न इक रोज़ कहीं ढूंढ ही लूँगा तुझको​;​​
​ठोकरें ज़हर नहीं हैं कि मैं खा भी न सकूँ​।

 

Pati Patni or Golgappe (PaniPuri)

April 25th, 2017

पत्नी – रात का खाना आज बाहर करेगें।

पति – ठीक है … हम किसी साधारण रेस्तरां में चलते हैं.
पत्नी – नहीं, रॉयल पैलेस होटल में चलते हैं.

पति – (एक मिनट के लिए मौन) ठीक है, 7 बजे चलते हैं.

ठीक सात बजे पति-पत्नी अपनी कार में घर से निकले. रास्ते में –

पति – जानती हो एक बार मैंने अपनी बहन के साथ पानीपूरी प्रतिस्पर्धा की थी. मैंने 30 पानी पूरी खाई और उसे हरा दिया.

पत्नी – क्या यह इतना मुश्किल है?
पति – मुझे पानी-पूरी प्रतियोगिता में परास्त करना बहुत मुश्किल है।

पत्नी – मैं आसानी से आपको हरा सकती हूँ।
पति – रहने दो ये तुम्हारे बस का नहीं ….

पत्नी – हमसे प्रतियोगिता करने चलिये….
पति – तो आप अपने आप को हारा हुआ देखना चाहती हैं?

पत्नी – चलिये देखते हैं…

वे दोनों एक पानी-पूरी स्टॉल पर रुके और खाना शुरू कर दिए ….

25 पानी पूरी के बाद पति ने खाना छोड़ दिया.

पत्नी का भी पेट भर गया था, लेकिन उसने पति को हराने के लिए एक और खा लिया और चिल्लाई , “तुम हार गये।”

बिल 50 रुपये आया …. और पत्नी वापस घर आते हुए शर्त जीतने की खुशी में खुश थी.

मधुकांत

“एक प्रबंधक का मुख्य उद्देश्य न्यूनतम निवेश के साथ कर्मचारी को संतुष्ट करना होता है…. कम निवेश पर मजबूत वापसी सुनिश्चित!”

 

Taro ki Numaish me Khalal Padta Hai

April 25th, 2017

रोज़ तारों की नुमाइश में…

रोज़ तारों की नुमाइश में ख़लल पड़ता है;
चाँद पागल है अँधेरे में निकल पड़ता है;

एक दीवाना मुसाफ़िर है मेरी आँखों में;
वक़्त-बे-वक़्त ठहर जाता है, चल पड़ता है;

रोज़ पत्थर की हिमायत में ग़ज़ल लिखते है;
रोज़ शीशों से कोई काम निकल पड़ता है;

उसकी याद आई है, साँसों ज़रा आहिस्ता चलो;
धडकनों से भी इबादत में ख़लल पड़ता है।

 

Bhari Mehfil me Kaise Ruswayi Hui

April 24th, 2017

कह रही है हश्र में वो आँख शर्माई हुई,
हाय कैसे इस भरी महफ़िल में रुसवाई हुई;

आईने में हर अदा को देख कर कहते हैं वो,
आज देखा चाहिये किस किस की है आई हुई;

कह तो ऐ गुलचीं असीरान-ए-क़फ़स के वास्ते,
तोड़ लूँ दो चार कलियाँ मैं भी मुर्झाई हुई;

मैं तो राज़-ए-दिल छुपाऊँ पर छिपा रहने भी दे,
जान की दुश्मन ये ज़ालिम आँख ललचाई हुई;

ग़म्ज़ा-ओ-नाज़-ओ-अदा सब में हया का है लगाव,
हाए रे बचपन की शोख़ी भी है शर्माई हुई;

गर्द उड़ी आशिक़ की तुर्बत से तो झुँझला के कहा,
वाह सर चढ़ने लगी पाँओं की ठुकराई हुई।

 

Mandir me Chori – Read and Share

April 24th, 2017

मंदिर में चोरी हो गई सुबह सारे पुजारियों ने रोना धोना मचा रखा था…….
लोगों की भीड़ लगी थी भीड़ को चीरते हुए एक आदमी पुजारियों के पास पहुंच गया…….

*आदमी बोला:-* क्या हो गया पुजारीजी….. ?
*पुजारी ने कहा:-* घोर कलयुग आ गया है, भगवान के
भी पैसे नहीं छोड़े चोरों ने थाने में रिपोर्ट करनी पड़ेगी, थाने को जलाना पड़ेगा, उग्र आंदोलन करना पड़ेगा…….
*आदमी:-* पुजारीजी, पैसे तो भगवान के चोरी हुए हैं, तुम क्यों रिपोर्ट करने जा रहे हो ? भगवान स्वयं करेंगे……..
*पुजारी* … “चोरों ने गलत किया है.”
*आदमी* … “कर्म प्रधान है. चोरों ने तो कर्म किया है. सही गलत तो भगवान तय करेगा.”
*पुजारी* … “नहीं, चोरी करना गलत है. ये भगवान का अपमान है.”
*आदमी* … “नहीं, ये काम भगवान ने ही करवाया है. क्योंकि भगवान की
मर्जी के बिना तो पत्ता भी नहीं हिलता.”
*पुजारी* … “लेकिन इस जघन्य अपराध के लिए चोर को दंड देना अनिवार्य है.”
*आदमी* … “हम क्या लेकर आये थे, हम क्या लेकर जायेंगे ? हम कौन होते हैं किसी को दंड देने वाले. जो कुछ करता है, सब ऊपर वाला करता है.”
*पुजारी* … “ज्ञान, ज्ञान की जगह है. हमे तो हमारा पैसा चाहिए … बस.”
*आदमी* … “तो ये बोल कि तुझे तेरे पैसे चाहिएं. फिर भगवान को क्यूं बदनाम कर रहा है … अपने इस धन्धे के लिए……… ?
*आँखे खोलो ओर आगे बड़ो*
अपना पैसा केवल जरूरत मन्द
लोगो को दान करो
*जनहित में जारी*

 

70 positive points for Successful Life

April 23rd, 2017

70 positive points

1:- जीवन में वो ही व्यक्ति असफल होते है, जो सोचते है पर करते नहीं ।
2 :- भगवान के भरोसे मत बैठिये क्या पता भगवान आपके भरोसे बैठा हो…
3 :- सफलता का आधार है सकारात्मक सोच और निरंतर प्रयास !!!
4 :- अतीत के ग़ुलाम नहीं बल्कि भविष्य के निर्माता बनो…
5 :- मेहनत इतनी खामोशी से करो की सफलता शोर मचा दे…
6 :- कामयाब होने के लिए अकेले ही आगे बढ़ना पड़ता है, लोग तो पीछे तब आते है जब हम कामयाब होने लगते है.
7 :- छोड़ दो किस्मत की लकीरों पे यकीन करना, जब लोग बदल सकते हैं तो किस्मत क्या चीज़ है…
8 :- यदि हार की कोई संभावना ना हो तो जीत का कोई अर्थ नहीं है…
9 :- समस्या का नहीं समाधान का हिस्सा बने…
10 :- जिनको सपने देखना अच्छा लगता है उन्हें रात छोटी लगती है और जिनको सपने पूरा करना अच्छा लगता है उनको दिन छोटा लगता है…
11 :- आप अपना भविष्य नहीं बदल सकते पर आप अपनी आदतें बदल सकते है और निशचित रूप से आपकी आदतें आपका भविष्य बदल देगी !
12 :- एक सपने के टूटकर चकनाचूर हो जानें के बाद दूसरा सपना देखने के हौसले को ज़िंदगी कहते है !!!
13 :- वो सपने सच नहीं होते जो सोते वक्त देखें जाते है, सपने वो सच होते है जिनके लिए आप सोना छोड़ देते है…
14 :- सफलता का चिराग परिश्रम से जलता है !!!
15 :- जिनके इरादे बुलंद हो वो सड़कों की नहीं आसमानो की बातें करते है…
16 :- सत्य परेशान हो सकता है पराजित नहीं…
17 :- मैं तुरंत नहीं लेकिन निश्चित रूप से जीतूंगा…
18 :- सबसे बड़ा रोग क्या कहेंगें लोग…
19 :- आशावादी हर आपत्तियों में भी अवसर देखता है और निराशावादी बहाने !!!
20 :- आप में शुरू करने की हिम्मत है तो, आप में सफल होने के लिए भी हिम्मत है…
21 :- सच्चाई वो दिया है जिसे अगर पहाड़ की चोटी पर भी रख दो तो बेशक रोशनी कम करे पर दिखाई बहुत दूर से भी देता है.
22 :- संघर्ष में आदमी अकेला होता है, सफलता में दुनिया उसके साथ होती है ! जिस जिस पर ये जग हँसा है उसी उसी ने इतिहास रचा है.
23 :- खोये हुये हम खुद है और ढूढ़ते ख़ुदा को है !!!
24 :- कामयाब लोग अपने फैसले से दुनिया बदल देते है और नाकामयाब लोग दुनिया के डर से अपने फैसले बदल लेते है…
25 :- भाग्य को और दूसरों को दोष क्यों देना जब सपने हमारे है तो कोशिशें भी हमारी होनी चाहियें !!!
26 :- यदि मनुष्य सीखना चाहे तो उसकी प्रत्येक भूल उसे कुछ न कुछ सिखा देती है !!!
27 :- झूठी शान के परिंदे ही ज्यादा फड़फड़ाते है तरक्की के बाज़ की उड़ान में कभी आवाज़ नहीं होती…
28 :- समस्या का सामना करें, भागे नहीं, तभी उसे सुलझा सकते हैं…
29 :- परिवर्तन से डरना और संघर्ष से कतराना मनुष्य की सबसे बड़ी कायरता है.
30 :- सुंदरता और सरलता की तलाश चाहे हम सारी दुनिया घूम के कर लें लेकिन अगर वो हमारे अंदर नहीं तो फिर सारी दुनिया में कहीं नहीं है.
31 :- ना किसी से ईर्ष्या ना किसी से कोई होड़, मेरी अपनी मंज़िलें मेरी अपनी दौड़…
32 :- ये सोच है हम इंसानों की कि एक अकेला क्या कर सकता है, पर देख ज़रा उस सूरज को वो अकेला ही तो चमकता है !!!
33 :- लगातार हो रही सफलताओं से निराश नहीं होना चाहिए क्योंकि कभी कभी गुच्छे की आखिरी चाबी भी ताला खोल देती है…
34 :- जल्द मिलने वाली चीजें ज्यादा दिन तक नहीं चलती और जो चीजें ज्यादा दिन तक चलती है वो जल्दी नहीं मिलती है.
35 :- इंसान तब समझदार नहीं होता जब वो बड़ी बड़ी बातें करने लगे, बल्कि समझदार तब होता है जब वो छोटी छोटी बातें समझने लगे…
36 :- सेवा सभी की करना मगर आशा किसी से भी ना रखना क्योंकि सेवा का वास्तविक मूल्य नही दे सकते है,
37 :- मुश्किल वक्त का सबसे बड़ा सहारा है “उम्मीद” !! जो एक प्यारी सी मुस्कान दे कर कानों में धीरे से कहती है “सब अच्छा होगा” !!
38 :- दुनिया में कोई काम असंभव नहीं, बस हौसला और मेहनत की जरुरत है !!!
39 :- वक्त आपका है चाहे तो सोना बना लो और चाहे तो सोने में गुजार दो, दुनिया आपके उदाहरण से बदलेगी आपकी राय से नहीं…
40 :- बदलाव लाने के लिए स्वयं को बदले…
41 :- सफल व्यक्ति लोगों को सफल होते देखना चाहते है, जबकि असफल व्यक्ति लोगों को असफल होते देखना चाहते है…
42 :- घड़ी सुधारने वाले मिल जाते है लेकिन समय खुद सुधारना पड़ता है !!!
43 :- दुनिया में सब चीज मिल जाती है केवल अपनी ग़लती नहीं मिलती…
44 :- क्रोध और आंधी दोनों बराबर… शांत होने के बाद ही पता चलता है की कितना नुकसान हुवा…
45 :- चाँद पे निशान लगाओ, अगर आप चुके तो सितारों पे तो जररू लगेगा !!!
46 :- गरीबी और समृद्धि दोनों विचार का परिणाम है…
47 :- पसंदीदा कार्य हमेशा सफलता, शांति और आनंद ही देता है…
48 :- जब हौसला बना ही लिया ऊँची उड़ान का तो कद नापना बेकार है आसमान का…
49 :- अपनी कल्पना को जीवन का मार्गदर्शक बनाए अपने अतीत को नहीं…
50 :- समय न लागओ तय करने में आपको क्या करना है, वरना समय तय कर लेगा की आपका क्या करना है.
51 :- अगर तुम उस वक्त मुस्कुरा सकते हो जब तुम पूरी तरह टूट चुके हो तो यकीन कर लो कि दुनिया में तुम्हें कभी कोई तोड़ नहीं सकता !!!
52 :- कल्पना के बाद उस पर अमल ज़रुर करना चाहिए। सीढ़ियों को देखते रहना ही पर्याप्त नहीं है, उन पर चढ़ना भी ज़रुरी है।
53 :- हमें जीवन में भले ही हार का सामना करना पड़ जाये पर जीवन से कभी नहीं हारना चाहिए…
54 :- सीढ़ियां उन्हें मुबारक हो जिन्हें छत तक जाना है, मेरी मंज़िल तो आसमान है रास्ता मुझे खुद बनाना है !!!
55 :- हजारों मील के सफ़र की शुरुआत एक छोटे कदम से होती है…
56 :- मनुष्य वही श्रेष्ठ माना जाएगा जो कठिनाई में अपनी राह निकालता है ।
57 :- पुरुषार्थ से असंभव कार्य भी संभव हो जाता है…
58 :- प्रतिबद्ध मन को कठिनाई का सामना करना पड़ सकता है, पर अंत में उसे अपने परिश्रम का फल मिलेगा ।
59 :- असंभव समझे जाने वाला कार्य संभव करके दिखाये, उसे ही प्रतिभा कहते हैं ।
60 :- आने वाले कल को सुधारने के लिए बीते हुए कल से शिक्षा लीजिए…
61 :- जो हमेशा कहे मेरे पास समय नहीं है, असल में वह व्यस्त नहीं बल्कि अस्त-व्यस्त है ।
62 :- कठिनाइयाँ मनुष्य के पुरुषार्थ को जगाने आती हैं…
63 :- क्रोध वह हवा है जो बुद्धि के दीप को बुझा देती है ।
64 :- आपका भविष्य उससे बनता है जो आप आज करते हैं, उससे नहीं जो आप कल करेंगे…
65 :- बन सहारा बे सहारों के लिए बन किनारा बे किनारों के लिए, जो जिये अपने लिए तो क्या जिये जी सको तो जियो हजारों के लिए ।
66 :- चाहे हजार बार नाकामयाबी हो, कड़ी मेहनत और सकारात्मक सोच के साथ लगे रहोगे तो अवश्य सफलता तुम्हारी है…
67 :- खुद की तरक्की में इतना समय लगा दो, कि किसी और की बुराई का वक्त ही ना मिले !!!
68 :- प्रगति बदलाव के बिना असंभव है, और जो अपनी सोच नहीं बदल सकते वो कुछ नहीं बदल सकते…
69 :- खुशी के लिए काम करोगे तो ख़ुशी नहीं मिलेगी, लेकिन खुश होकर काम करोगे, तो ख़ुशी और सफलता दोनों ही मिलेगी ।
70 :- पराजय तब नहीं होती जब आप गिर जाते हैं, पर ाजय तब होती है जब आप उठने से इनकार कर देते हैं ।

 

Kuch Tanha Tanha hain Hum

April 23rd, 2017

तन्हा तन्हा हम…

तन्हा तन्हा हम रो लेंगे महफ़िल महफ़िल गायेंगे;
जब तक आँसू पास रहेंगे तब तक गीत सुनायेंगे;

तुम जो सोचो वो तुम जानो हम तो अपनी कहते हैं;
देर न करना घर जाने में वरना घर खो जायेंगे;

बच्चों के छोटे हाथों को चाँद सितारे छूने दो;
चार किताबें पढ़ कर वो भी हम जैसे हो जायेंगे;

किन राहों से दूर है मंज़िल कौन सा रस्ता आसाँ है;
हम जब थक कर रुक जायेंगे औरों को समझायेंगे;

अच्छी सूरत वाले सारे पत्थर-दिल हो मुम्किन है;
हम तो उस दिन राए देंगे जिस दिन धोका खायेंगे।

 

Bete bhi Ghar Chod ke Jate Hain

April 10th, 2017

बेटे भी घर छोड़ के जाते हैं..

अपनी जान से ज़्यादा..प्यारा लेपटाॅप छोड़ कर…

अलमारी के ऊपर रखा…धूल खाता गिटार छोड़ कर…

जिम के सारे लोहे-बट्टे…और बाकी सारी मशीने…

मेज़ पर बेतरतीब पड़ी…वर्कशीट, किताबें, काॅपियाँ…

सारे यूँ ही छोड़ जाते है…बेटे भी घर छोड़ जाते हैं.!!

अपनी मन पसन्द ब्रान्डेड…जीन्स और टीशर्ट लटका…

अलमारी में कपड़े जूते…और गंध खाते पुराने मोजे…

हाथ नहीं लगाने देते थे… वो सबकुछ छोड़ जाते हैं…

बेटे भी घर छोड़ जाते हैं.!!

जो तकिये के बिना कहीं…भी सोने से कतराते थे…

आकर कोई देखे तो वो…कहीं भी अब सो जाते हैं…

खाने में सो नखरे वाले..अब कुछ भी खा लेते हैं…

अपने रूम में किसी को…भी नहीं आने देने वाले…

अब एक बिस्तर पर सबके…साथ एडजस्ट हो जाते हैं…

बेटे भी घर छोड़ जाते हैं.!!

घर को मिस करते हैं लेकिन…कहते हैं ‘बिल्कुल ठीक हूँ’…

सौ-सौ ख्वाहिश रखने वाले…

अब कहते हैं ‘कुछ नहीं चाहिए’…

पैसे कमाने की होड़ में…

वो भी कागज बन जाते हैं…

सिर्फ बेटियां ही नहीं साहब…

. . . . बेटे भी घर छोड़ जाते हैं..!

Dedicated to all boy

 

71 Positive Points for Beautiful Life

April 2nd, 2017

71 positive points
********
1:- जीवन में वो ही व्यक्ति असफल होते है, जो सोचते है पर करते नहीं ।
2 :- भगवान के भरोसे मत बैठिये क्या पता भगवान आपके भरोसे बैठा हो…
3 :- सफलता का आधार है सकारात्मक सोच और निरंतर प्रयास !!!
4 :- अतीत के ग़ुलाम नहीं बल्कि भविष्य के निर्माता बनो…
5 :- मेहनत इतनी खामोशी से करो की सफलता शोर मचा दे…
6 :- कामयाब होने के लिए अकेले ही आगे बढ़ना पड़ता है, लोग तो पीछे तब आते है जब हम कामयाब होने लगते है.
7 :- छोड़ दो किस्मत की लकीरों पे यकीन करना, जब लोग बदल सकते हैं तो किस्मत क्या चीज़ है…
8 :- यदि हार की कोई संभावना ना हो तो जीत का कोई अर्थ नहीं है…
9 :- समस्या का नहीं समाधान का हिस्सा बने…
10 :- जिनको सपने देखना अच्छा लगता है उन्हें रात छोटी लगती है और जिनको सपने पूरा करना अच्छा लगता है उनको दिन छोटा लगता है…
11 :- आप अपना भविष्य नहीं बदल सकते पर आप अपनी आदतें बदल सकते है और निशचित रूप से आपकी आदतें आपका भविष्य बदल देगी !
12 :- एक सपने के टूटकर चकनाचूर हो जानें के बाद दूसरा सपना देखने के हौसले को ज़िंदगी कहते है !!!
13 :- वो सपने सच नहीं होते जो सोते वक्त देखें जाते है, सपने वो सच होते है जिनके लिए आप सोना छोड़ देते है…
14 :- सफलता का चिराग परिश्रम से जलता है !!!
15 :- जिनके इरादे बुलंद हो वो सड़कों की नहीं आसमानो की बातें करते है…
16 :- सत्य परेशान हो सकता है पराजित नहीं…
17 :- मैं तुरंत नहीं लेकिन निश्चित रूप से जीतूंगा…
18 :- सबसे बड़ा रोग क्या कहेंगें लोग…
19 :- आशावादी हर आपत्तियों में भी अवसर देखता है और निराशावादी बहाने !!!
20 :- आप में शुरू करने की हिम्मत है तो, आप में सफल होने के लिए भी हिम्मत है…
21 :- सच्चाई वो दिया है जिसे अगर पहाड़ की चोटी पर भी रख दो तो बेशक रोशनी कम करे पर दिखाई बहुत दूर से भी देता है.
22 :- संघर्ष में आदमी अकेला होता है, सफलता में दुनिया उसके साथ होती है ! जिस जिस पर ये जग हँसा है उसी उसी ने इतिहास रचा है.
23 :- खोये हुये हम खुद है और ढूढ़ते ख़ुदा को है !!!
24 :- कामयाब लोग अपने फैसले से दुनिया बदल देते है और नाकामयाब लोग दुनिया के डर से अपने फैसले बदल लेते है…
25 :- भाग्य को और दूसरों को दोष क्यों देना जब सपने हमारे है तो कोशिशें भी हमारी होनी चाहियें !!!
26 :- यदि मनुष्य सीखना चाहे तो उसकी प्रत्येक भूल उसे कुछ न कुछ सिखा देती है !!!
27 :- झूठी शान के परिंदे ही ज्यादा फड़फड़ाते है तरक्की के बाज़ की उड़ान में कभी आवाज़ नहीं होती…
28 :- समस्या का सामना करें, भागे नहीं, तभी उसे सुलझा सकते हैं…
29 :- परिवर्तन से डरना और संघर्ष से कतराना मनुष्य की सबसे बड़ी कायरता है.
30 :- सुंदरता और सरलता की तलाश चाहे हम सारी दुनिया घूम के कर लें लेकिन अगर वो हमारे अंदर नहीं तो फिर सारी दुनिया में कहीं नहीं है.
31 :- ना किसी से ईर्ष्या ना किसी से कोई होड़, मेरी अपनी मंज़िलें मेरी अपनी दौड़…
32 :- ये सोच है हम इंसानों की कि एक अकेला क्या कर सकता है, पर देख ज़रा उस सूरज को वो अकेला ही तो चमकता है !!!
33 :- लगातार हो रही असफलताओं से निराश नहीं होना चाहिए क्योंकि कभी कभी गुच्छे की आखिरी चाबी भी ताला खोल देती है…
34 :- जल्द मिलने वाली चीजें ज्यादा दिन तक नहीं चलती और जो चीजें ज्यादा दिन तक चलती है वो जल्दी नहीं मिलती है.
35 :- इंसान तब समझदार नहीं होता जब वो बड़ी बड़ी बातें करने लगे, बल्कि समझदार तब होता है जब वो छोटी छोटी बातें समझने लगे…
36 :- सेवा सभी की करना मगर आशा किसी से भी ना रखना क्योंकि सेवा का वास्तविक मूल्य नही दे सकते है,
37 :- मुश्किल वक्त का सबसे बड़ा सहारा है “उम्मीद” !! जो एक प्यारी सी मुस्कान दे कर कानों में धीरे से कहती है “सब अच्छा होगा” !!
38 :- दुनिया में कोई काम असंभव नहीं, बस हौसला और मेहनत की जरुरत है !!!
39 :- वक्त आपका है चाहे तो सोना बना लो और चाहे तो सोने में गुजार दो, दुनिया आपके उदाहरण से बदलेगी आपकी राय से नहीं…
40 :- बदलाव लाने के लिए स्वयं को बदले…
41 :- सफल व्यक्ति लोगों को सफल होते देखना चाहते है, जबकि असफल व्यक्ति लोगों को असफल होते देखना चाहते है…
42 :- घड़ी सुधारने वाले मिल जाते है लेकिन समय खुद सुधारना पड़ता है !!!
43 :- दुनिया में सब चीज मिल जाती है केवल अपनी ग़लती नहीं मिलती…
44 :- क्रोध और आंधी दोनों बराबर… शांत होने के बाद ही पता चलता है की कितना नुकसान हुवा…
45 :- चाँद पे निशान लगाओ, अगर आप चुके तो सितारों पे तो जररू लगेगा !!!
46 :- गरीबी और समृद्धि दोनों विचार का परिणाम है…
47 :- पसंदीदा कार्य हमेशा सफलता, शांति और आनंद ही देता है…
48 :- जब हौसला बना ही लिया ऊँची उड़ान का तो कद नापना बेकार है आसमान का…
49 :- अपनी कल्पना को जीवन का मार्गदर्शक बनाए अपने अतीत को नहीं…
50 :- समय न लागओ तय करने में आपको क्या करना है, वरना समय तय कर लेगा की आपका क्या करना है.
51 :- अगर तुम उस वक्त मुस्कुरा सकते हो जब तुम पूरी तरह टूट चुके हो तो यकीन कर लो कि दुनिया में तुम्हें कभी कोई तोड़ नहीं सकता !!!
52 :- कल्पना के बाद उस पर अमल ज़रुर करना चाहिए। सीढ़ियों को देखते रहना ही पर्याप्त नहीं है, उन पर चढ़ना भी ज़रुरी है।
53 :- हमें जीवन में भले ही हार का सामना करना पड़ जाये पर जीवन से कभी नहीं हारना चाहिए…
54 :- सीढ़ियां उन्हें मुबारक हो जिन्हें छत तक जाना है, मेरी मंज़िल तो आसमान है रास्ता मुझे खुद बनाना है !!!
55 :- हजारों मील के सफ़र की शुरुआत एक छोटे कदम से होती है…
56 :- मनुष्य वही श्रेष्ठ माना जाएगा जो कठिनाई में अपनी राह निकालता है ।
57 :- पुरुषार्थ से असंभव कार्य भी संभव हो जाता है…
58 :- प्रतिबद्ध मन को कठिनाई का सामना करना पड़ सकता है, पर अंत में उसे अपने परिश्रम का फल मिलेगा ।
59 :- असंभव समझे जाने वाला कार्य संभव करके दिखाये, उसे ही प्रतिभा कहते हैं ।
60 :- आने वाले कल को सुधारने के लिए बीते हुए कल से शिक्षा लीजिए…
61 :- जो हमेशा कहे मेरे पास समय नहीं है, असल में वह व्यस्त नहीं बल्कि अस्त-व्यस्त है ।
62 :- कठिनाइयाँ मनुष्य के पुरुषार्थ को जगाने आती हैं…
63 :- क्रोध वह हवा है जो बुद्धि के दीप को बुझा देती है ।
64 :- आपका भविष्य उससे बनता है जो आप आज करते हैं, उससे नहीं जो आप कल करेंगे…
65 :- बन सहारा बे सहारों के लिए बन किनारा बे किनारों के लिए, जो जिये अपने लिए तो क्या जिये जी सको तो जियो हजारों के लिए ।
66 :- चाहे हजार बार नाकामयाबी हो, कड़ी मेहनत और सकारात्मक सोच के साथ लगे रहोगे तो अवश्य सफलता तुम्हारी है…
67 :- खुद की तरक्की में इतना समय लगा दो, कि किसी और की बुराई का वक्त ही ना मिले !!!
68 :- प्रगति बदलाव के बिना असंभव है, और जो अपनी सोच नहीं बदल सकते वो कुछ नहीं बदल सकते…
69 :- खुशी के लिए काम करोगे तो ख़ुशी नहीं मिलेगी, लेकिन खुश होकर काम करोगे, तो ख़ुशी और सफलता दोनों ही मिलेगी ।
70 :- पराजय तब नहीं होती जब आप गिर जाते हैं, पराजय तब होती है जब आप उठने से इनकार कर देते हैं ।
71 :- मन बुद्ध जैसा और दिल बच्चों जैसा होना चाहिए !!!

 

My opinion on Animal Violence

March 30th, 2017

पशु हिंसा पर लिखी गई यह पोस्ट मेरी अंतिम राय!

मांस सभी खा रहे हैं. क्या हिन्दू, क्या मुसलमान। सब। कोई किसी से कम नही. मेरे देश, तुमको नमन. यहां हिंसा ही मानव- धर्म है. तरह तरह के पशुओं को खाना लोगों का भोजन-अधिकार है भाई, तो मैं क्यों तनाव पालूँ? अब सोच लिया है पशु-हिंसा पर लिखना ही बेकार है. मूर्खता है। सौ तर्कों के साथ लोग खड़े हो जाते हैं। अनेक हिंदू महान धर्मनिरपेक्ष हैं, क्योंकि मांसाहारी’ हैं। ब्राह्मण भी। वे अपने हिसाब से तर्क देने लगते हैं। कोई गाय नहीं खाता, तो बकरा या मुर्गा खाता है, और गाय खाने वाले को गरियाता है. गाय खाने वाला सूअर खाने वाले को कोसता है. कुत्ता खाने वाला चिड़िया खाने वाले को गंवार कहता है। लेकिन सब अपने स्वाद और संस्कार से मांस खा रहे हैं और हम मूर्ख उन पर अफ़सोस कर रहे हैं, बूचड़खाने पर रो रहे हैं। अब यह रोना बन्द !!