Shayari on Delhi Modi Kiran Bedi Kejriwal

किरनबेदी जी ,नाम देश-विदेश में अपने कर्मों से कमाया है।
राष्ट्रीयधर्म पूरी निष्ठा/ईमानदारी से निभाया था।
भारत की महिलाओं को आगे बड़ने को उकसाया था।
देश की निस्वार्थ सेवा का वादा ,भरपूर निभाया था।
केजरीवाल है “गद्दार ” आप आज नहीं तो ,कल खुद ही मान जाओगे।
भूल एक छोटी सी कल आप के बच्चों को ,गद्दार जरूर ठहरायेगी ,
“जागो”केजरीवाल की नौटंकी पहचानो।
ला खड़ा कर दो सामने मेरे ,फोर्ड फॉउन्डेशन याद दिलवाऊंगा ,
एक गद्दार को जनता के सामने नंगा कर ,सच्चाई से पर्दा उठा दूँगा।
उग्रवादियों को मासूम आप ठहराता है ,सेना/पुलिस को जालिम दिखाता है।
महिलाओं की बात आप करता है ,ईमानदार बरखासिंह को बर्खास्त करता है।
चुनाव में केजरीवाल तीन करोड़ खर्च करके तीन लाख दिखाता है।
अराजकता रोकना तो दूर है खुद आराजकता आप ने फैलाई थी ,
कांग्रेस के साथ ने ,हिन्दुस्तान की करवाई जग हंसाई थी।
भागा था हमारे सामने ,सच्चाई का सामना कर सकता था ,
दिल्ली में कांग्रेस से हाथ मिलाया था ,भाजपा को बहार बिठाया था।
दिल्ली छोड़ भी भागा था ,अमेरिकी हितों की खातिर कासी में डेरा जमाया था।
संसदीय चुनाओं में करोड़ों का धन कमा किधर जमा करवाया है।
संतोष कोली को केवल हथियार सा इस्तेमाल कर ,दूर हटाया था ।
“बिन्नी”को अचानक सबसे ईमानदार से गद्दार /लालची ठहराया था।
कुमार विश्वास की हिन्दु देवों की बेईज्जत को भी आप ने भुनाया था।
फोर्ड फौन्डेशन की टीम को आप में बिठाया है।
बेईमानियाँ कर करके “ईमानदारी”का बादशाह खुद को दिखाया है।
भारत सरकार के पैसे से विदेशों में घूम पैसा लूटा -अंगुठा दिखाया था।
चुनाव सर पे लदाया है , करोड़ों देश का पैसा लुटवाया है।
“आप”का उद्देस्य एक है मोदीजी का भारत निर्माण रुकवाना है।
कांग्रेस -अमेरिका-खाड़ी देश $ दिनार “आप”पे क्यों लूटा रहे ?
चुनाओं से पहले ही “आप”के झण्डे -बैनर बेहिसाब कहाँ से रहे।
देश के दुशमन व्यवस्था परिवर्तन के नारे हैं लगा रहे ,
खुद को राष्ट्रीयद्रोह के मकड़जाल में उलझाये “आप”जाते हो ,
खुद को बदल सकते नहीं ,नौटंकी दिखा जनता को भी फँशाते हो।
सच्चाई से कब तक भागोगे ,मुखोटा ईमानदारी का कब त्यागोगे ?
जागो -डरो उस खुदा से ,देशद्रोह त्यागो -राष्ट्रीयधर्म निभाओ !!!

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